पंजाब में ड्रग्स के मुद्दे पर सियासी घमासान के बीच बीजेपी सांसद और पूर्व क्रिकेटर हरभजन सिंह एक बार फिर चर्चा में हैं। सोशल मीडिया पर शेयर किए गए एक वीडियो को लेकर उठे विवाद के बीच पंजाब पुलिस ने पुष्टि की है कि फुटेज जगरांव का ही है। हालांकि पुलिस का कहना है कि वीडियो पुराना हो सकता है। वीडियो में जगरांव पुल के नीचे एक युवक कथित तौर पर नशे का सेवन करता दिखाई दे रहा है। पुलिस के मुताबिक, फुटेज में नजर आ रहे व्यक्ति को लुधियाना पुलिस ने 12 अगस्त को गिरफ्तार किया था। पुलिस की इस पुष्टि के बाद वीडियो की लोकेशन को लेकर चल रहा विवाद कुछ हद तक साफ हुआ है।
दरअसल, यह वीडियो सबसे पहले बीजेपी नेता रवनीत सिंह बिट्टू ने एक्स पर पोस्ट किया था। हरभजन सिंह ने इसे रीपोस्ट करते हुए अपने आलोचकों पर तंज कसा और कहा कि अब कुछ लोग यह दावा करेंगे कि जगरांव पुल भी राजस्थान में है। यह तंज इसलिए अहम है क्योंकि इससे पहले हरभजन सिंह एक दूसरे वायरल वीडियो को लेकर आलोचना झेल चुके हैं। उस वीडियो को पंजाब का बताकर शेयर किया गया था, लेकिन फैक्ट चेक में सामने आया कि फुटेज राजस्थान के श्रीगंगानगर का था।
ड्रग्स को लेकर हरभजन लगातार सोशल मीडिया पर आवाज उठाते रहे हैं। 11 अगस्त को भी उन्होंने एक वीडियो साझा किया था, जिसमें सड़क पर दो लोग असामान्य हालत में दिखाई दे रहे थे। उन्होंने पंजाब के युवाओं के बेहतर भविष्य की बात कही थी। सोशल मीडिया पर इस वीडियो को लेकर ‘जॉम्बी ड्रग’ जैसे दावे भी किए गए। इस पूरे विवाद के बीच विपक्ष पंजाब सरकार पर हमलावर है, जबकि आम आदमी पार्टी ड्रग नेटवर्क के खिलाफ अपनी कार्रवाई को सामने रख रही है। यानी मुद्दा सिर्फ एक वायरल वीडियो का नहीं, बल्कि पंजाब में ड्रग्स के खिलाफ चल रही सियासी लड़ाई का भी बन चुका है।


