दिल्ली में महिलाओं और आम नागरिकों की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 50,000 नए CCTV कैमरे लगाने का प्रस्ताव रखा है। इसके साथ ही राजधानी में स्मार्ट स्ट्रीटलाइट लगाने की योजना पर भी चर्चा हुई है। इन लाइटों की खासियत होगी कि ये अपने आप खराबी का पता लगा सकेंगी, जिससे समय पर मरम्मत सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली विश्वविद्यालय के कॉलेजों के निर्वाचित छात्र प्रतिनिधियों के साथ बातचीत के दौरान इन प्रस्तावों पर चर्चा की। इस दौरान छात्रों ने शहर में CCTV कैमरों की उपलब्धता और स्ट्रीट लाइटिंग की स्थिति को लेकर अपनी चिंताएं सामने रखीं।
प्रस्तावित योजना के तहत नए CCTV कैमरों का रखरखाव सुनिश्चित करने के लिए वार्षिक रखरखाव अनुबंध यानी एनुअल मेंटेनेंस कॉन्ट्रैक्ट (AMC) की व्यवस्था की जाएगी। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि तकनीकी खराबी के कारण कैमरे लंबे समय तक बंद न रहें और निगरानी व्यवस्था लगातार काम करती रहे।
वहीं, नई स्मार्ट स्ट्रीटलाइट को इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सिस्टम से जोड़ने की योजना है। यह सिस्टम लाइटों में आने वाली खराबी का स्वतः पता लगाने में मदद करेगा। AMC के तहत खराब लाइटों की मरम्मत की जिम्मेदारी संबंधित कॉन्ट्रैक्टर की होगी।
इस बीच, मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी और विपक्ष पर राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं को जनहित से ऊपर रखने का आरोप भी लगाया। एक महिला पत्रकार के साथ कथित दुर्व्यवहार और उनके अस्पताल में भर्ती होने से जुड़े मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए रेखा गुप्ता ने विपक्ष की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष राजनीतिक उद्देश्यों के लिए व्यवस्था को नुकसान पहुंचा रहा है और जनता को गुमराह करने की कोशिश कर रहा है।


