Delhi

दिल्ली में बन रही हाई-टेक जेल, खतरनाक गैंगस्टर्स पर लगेगा सख्त नियंत्रण

दिल्ली में खतरनाक गैंगवार और जेल में हिंसा की घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए एक बड़ी पहल की जा रही है। नरेला के टिकरी खुर्द में शहर की पहली हाई-सिक्योरिटी जेल का निर्माण शुरू होने वाला है। यह जेल अत्याधुनिक सुरक्षा मानकों के साथ बनाई जाएगी और इसमें विशेष रूप से हाई-रिस्क और खतरनाक कैदियों को अलग रखने की व्यवस्था होगी।

नई जेल में लगभग 250-300 कैदियों को रखने की क्षमता होगी। हर कैदी को पूरी तरह अलग-थलग रखने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर के सेल बनाए जाएंगे, ताकि वे एक-दूसरे से संपर्क न कर सकें और गैंग एक्टिविटी को अंजाम न दे सकें। अधिकारियों ने कहा कि यह फैसला तिहाड़ जेल में पहले हुई हिंसक घटनाओं, जैसे टिल्लू ताजपुरिया हत्याकांड और नीरज बवाना गैंग से जुड़े मामलों, से सबक लेकर लिया गया है।

जेल की सुरक्षा के लिए हाई-टेक तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। इसमें बायोमेट्रिक लॉक, बॉडी स्कैनर और 24×7 वीडियो निगरानी शामिल होगी। जेल परिसर में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और कोर्ट कार्यवाही के लिए विशेष सुविधा भी उपलब्ध होगी, जिससे खतरनाक कैदियों को बाहर ले जाने का जोखिम कम होगा।

नई जेल की चारों ओर 20 मीटर से ऊंची दीवारें बनाई जाएंगी, जो किसी भी प्रयास से फरार होने की संभावना को समाप्त कर देंगी। इसके निर्माण का खर्च केंद्र सरकार उठाएगी, और अगर लागत 100 करोड़ रुपये से अधिक होती है तो अतिरिक्त राशि दिल्ली सरकार वहन करेगी।

प्रशासनिक सूत्रों का कहना है कि नई हाई-सिक्योरिटी जेल के तैयार होने के बाद दिल्ली की जेल प्रणाली में बड़ा बदलाव आएगा और खतरनाक कैदियों पर प्रभावी नियंत्रण संभव होगा। उम्मीद है कि यह जेल 2026 के अंत तक पूरी तरह चालू हो जाएगी।