भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार को जबरदस्त तेजी देखने को मिली। अमेरिकी मध्यावधि चुनावों के नतीजों से वैश्विक बाजारों में बने सकारात्मक माहौल और कच्चे तेल की कीमतों में भारी गिरावट का असर घरेलू बाजार पर भी दिखाई दिया। कारोबार की शुरुआत में ही सेंसेक्स और निफ्टी करीब 2 फीसदी की बढ़त के साथ खुले। बाजार के लगभग सभी प्रमुख सेक्टरों में खरीदारी का रुझान देखने को मिला। शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स 1,609.54 अंक यानी 2.08 फीसदी उछलकर 78,910.94 के स्तर पर पहुंच गया। वहीं, एनएसई निफ्टी 50 में 417.45 अंकों की तेजी दर्ज की गई और यह 24,378.05 पर खुला। कारोबार के दौरान सेंसेक्स ने 78,922.44 और निफ्टी ने 24,391.95 का इंट्राडे हाई बनाया।
सेक्टोरल प्रदर्शन की बात करें तो प्राइवेट बैंक शेयरों में सबसे ज्यादा मजबूती रही। निफ्टी प्राइवेट बैंक इंडेक्स 2 फीसदी से अधिक चढ़ा, जबकि रियल्टी इंडेक्स में 1.86 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई। इसके अलावा ऑटो, आईटी, सीमेंट, ऑयल एंड गैस और पीएसयू बैंक शेयरों में भी अच्छी खरीदारी रही। एफएमसीजी, मेटल, मीडिया, केमिकल और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेक्टर भी बढ़त के साथ कारोबार करते नजर आए। तकनीकी संकेतकों के अनुसार, निफ्टी अपने 200-दिवसीय एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज यानी 23,904 के ऊपर बना हुआ है। इसका आरएसआई भी बढ़कर 68.55 पर पहुंच गया है। विशेषज्ञों के मुताबिक, निफ्टी के लिए 24,000 से 24,200 का स्तर सपोर्ट और 24,500 से 24,700 का स्तर रेजिस्टेंस रह सकता है।
विदेशी निवेशकों की खरीदारी ने भी बाजार को सहारा दिया। बुधवार को एफआईआई ने 7,284 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों ने 3,712 करोड़ रुपये की बिकवाली की। वैश्विक स्तर पर अमेरिकी बाजारों में भी तेजी रही। डॉव जोन्स 3 फीसदी से ज्यादा चढ़ा, जबकि एसएंडपी 500 और नैस्डैक में 1.4 फीसदी से अधिक की बढ़त रही। दूसरी ओर, ब्रेंट क्रूड करीब 10 फीसदी गिरकर 100 डॉलर प्रति बैरल के नीचे आ गया। विशेषज्ञों का मानना है कि सस्ता कच्चा तेल, कमजोर डॉलर और विदेशी निवेशकों की वापसी भारतीय बाजार के लिए अनुकूल माहौल बना सकते हैं। हालांकि, आने वाले दिनों में मुनाफावसूली और अमेरिकी नीतियों से जुड़ी अनिश्चितता पर निवेशकों की नजर बनी रहेगी।


