West Bengal

महुआ मोइत्रा के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी, समन के बावजूद कोर्ट में नहीं हुईं पेश

तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा के खिलाफ पश्चिम बंगाल के कृष्णानगर की तृतीय न्यायिक मजिस्ट्रेट अदालत ने गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। नादिया जिला पुलिस अधीक्षक वी. अतुल ने भी वारंट जारी होने की पुष्टि की है। यह मामला भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 227 के तहत दायर शिकायत से संबंधित बताया जा रहा है। पुलिस के अनुसार, अदालत ने महुआ मोइत्रा को सुनवाई के लिए कई बार समन जारी किए थे। इसके बावजूद वह निर्धारित तारीखों पर अदालत में पेश नहीं हुईं। इसके बाद कोर्ट ने उनकी उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए गिरफ्तारी वारंट जारी करने का आदेश दिया।

शिकायत में महुआ के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की कई धाराओं के तहत आरोप लगाए गए हैं। इनमें महिला की गरिमा को ठेस पहुंचाने, विभिन्न समुदायों के बीच वैमनस्य बढ़ाने, धार्मिक भावनाओं को आहत करने, आपराधिक धमकी और सार्वजनिक व्यवस्था प्रभावित करने वाले बयान से संबंधित धाराएं शामिल हैं। यह मामला 14 अगस्त की रात कृष्णानगर सर्किट हाउस में हुए विवाद से जुड़ा है। महुआ मोइत्रा का आरोप था कि उन्हें रात करीब 10 बजे सर्किट हाउस खाली करने के लिए कहा गया, जबकि वह शाम करीब 6:15 बजे वहां पहुंची थीं और उन्हें कमरा आवंटित किया गया था।

महुआ के मुताबिक, रात 9:47 बजे अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट ने उन्हें परिसर खाली करने के लिए फोन किया। इसके बाद डिप्टी कलेक्टर ने उन्हें व्हाट्सऐप के जरिए 12 अगस्त का एक आदेश भेजा, जिसमें सफाई और रखरखाव कार्य का हवाला दिया गया था। इस घटना के बाद महुआ ने नादिया प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों पर अनुचित व्यवहार और संसदीय प्रोटोकॉल के उल्लंघन का आरोप लगाया था। उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को विशेषाधिकार नोटिस भी भेजा था। अब गिरफ्तारी वारंट जारी होने के बाद मामला और गरमा गया है।