दिल्ली में बढ़ते पार्किंग संकट से निपटने के लिए रेखा गुप्ता सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। राजधानी के विभिन्न हिस्सों में आधुनिक मल्टीलेवल पार्किंग सुविधाएं विकसित करने की योजना पर तेजी से काम शुरू हो गया है। इस परियोजना के तहत कुल पांच प्रमुख स्थानों पर पार्किंग कॉम्प्लेक्स बनाए जाएंगे, जिनकी कुल क्षमता 1,261 वाहनों की होगी। इन परियोजनाओं को अगले तीन वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
यह मल्टीलेवल पार्किंग सुविधाएं कड़कड़डूमा, ओखला इंडस्ट्रियल एरिया फेज-1, दिलशाद गार्डन, द्वारका और सैनी एनक्लेव में विकसित की जाएंगी। इन इलाकों में लंबे समय से पार्किंग की गंभीर समस्या बनी हुई है, जिसके चलते स्थानीय निवासियों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ता है। कई बार पार्किंग को लेकर विवाद की स्थिति भी उत्पन्न हो जाती है, जिससे कानून-व्यवस्था पर भी असर पड़ता है।
परियोजनाओं के लिए भूमि आवंटन ई-नीलामी प्रक्रिया के माध्यम से किया जाएगा। खास बात यह है कि इन पार्किंग परिसरों में कुछ स्थान व्यावसायिक उपयोग के लिए भी निर्धारित किए जाएंगे, ताकि परियोजनाएं आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें। यह व्यावसायिक उपयोग दिल्ली मास्टर प्लान-2021 के नियमों के अनुसार होगा।
करीब 11,048 वर्ग मीटर क्षेत्र में बनने वाली ये आधुनिक पार्किंग सुविधाएं न केवल अवैध पार्किंग की समस्या को कम करेंगी, बल्कि सड़कों पर यातायात व्यवस्था को भी बेहतर बनाएंगी। इससे ट्रैफिक जाम में कमी आने और आवागमन की गति में सुधार होने की उम्मीद है। इन परियोजनाओं को रिहायशी क्षेत्रों के पास विकसित किया जा रहा है, ताकि लोगों को अपने वाहनों के लिए सुरक्षित और व्यवस्थित स्थान मिल सके और सड़क किनारे खड़ी गाड़ियों की समस्या खत्म हो सके।









