आईपीएल 2026 के शुरू होने से ठीक पहले सनराइजर्स हैदराबाद की मालिक काव्या मारन विवादों में घिर गई हैं। मामला द हंड्रेड लीग की नीलामी का है, जिसमें काव्या मारन की फ्रेंचाइजी सनराइजर्स लीड्स ने पाकिस्तानी मिस्ट्री स्पिनर अबरार अहमद को 2,35,69,420 रुपये में खरीद लिया। अबरार ऐसे पहले पाकिस्तानी खिलाड़ी हैं जिन्हें किसी भारतीय मालिकाना हक वाली फ्रेंचाइजी ने साइन किया है।
इस कदम के बाद सोशल मीडिया पर कई भारतीय फैंस ने नाराजगी जताई और काव्या मारन और फ्रेंचाइजी की आलोचना की। उनका कहना है कि विदेशी खिलाड़ी को साइन करने का यह निर्णय राष्ट्रीय भावना के खिलाफ है। नीलामी के कुछ ही घंटे बाद सनराइजर्स लीड्स का आधिकारिक X (पूर्व ट्विटर) अकाउंट सस्पेंड कर दिया गया, हालांकि प्लेटफॉर्म ने स्पष्ट कारण नहीं बताया। सूत्रों के अनुसार ईसीबी ने भी फ्रेंचाइजी को चेतावनी दी है कि अगर अबरार को रिलीज करने का कोई प्रयास किया गया तो फ्रेंचाइजी कॉन्ट्रैक्ट रद्द होने का खतरा है।
नीलामी के दौरान काव्या मारन मुख्य कोच डेनियल वेटोरी के साथ टेबल पर मौजूद थीं। अब सवाल यह उठता है कि इस राजनीतिक और सामाजिक दबाव के बीच काव्या मारन अगला कदम क्या उठाएंगी और क्या अबरार अहमद टीम में बने रहेंगे। सोशल मीडिया पर यह मामला तेज़ी से वायरल हो रहा है और फैंस के बीच अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।









