केंद्र सरकार ने आज संसद में इंडिगो संकट पर विस्तृत स्पष्टीकरण दिया। लोकसभा में नागरिक उड्डयन मंत्री राममोहन नायडू ने बताया कि पायलटों की थकान को ध्यान में रखते हुए साप्ताहिक विश्राम का नया नियम सभी एयरलाइनों से चर्चा के बाद लागू किया गया था। उनके अनुसार, इस नियम पर इंडिगो की भी सहमति थी और कंपनी ने मंत्रालय को आश्वासन दिया था कि वह इसे पूरी तरह लागू करेगी। मंत्री ने कहा कि प्रारंभिक जांच से संकेत मिलते हैं कि इंडिगो की आंतरिक रोस्टरिंग और संगठनात्मक व्यवस्थाओं में खामियों के चलते बड़ी संख्या में उड़ानें रद्द करनी पड़ीं। उन्होंने बताया कि कंपनी को अपने इंटरनल ढांचे में सुधार के निर्देश दिए गए हैं।
नायडू ने विश्वास दिलाया कि यात्रियों की सुविधा और सम्मान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। देशभर के एयरपोर्ट अब सामान्य रूप से संचालित हो रहे हैं और इंडिगो की स्थिति भी धीरे-धीरे पटरी पर लौट रही है। मंत्रालय रिफंड, सामान ट्रैकिंग और अन्य यात्री सेवाओं पर लगातार नजर रखे हुए है। इसके अलावा, डीजीसीए ने इंडिगो के शीर्ष अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है और मामले की विस्तृत जांच जारी है। मंत्री ने कहा कि रिपोर्ट आने पर आवश्यक और कठोर कार्रवाई की जाएगी।









