तेलंगाना में कांग्रेस सरकार ने हेट स्पीच और हेट क्राइम को रोकने के लिए बड़ा कदम उठाया है। राज्य सरकार ने “तेलंगाना घृणास्पद भाषण और घृणा अपराध (रोकथाम) विधेयक, 2026” विधानसभा में पेश किया। इस विधेयक के अनुसार, किसी भी व्यक्ति द्वारा नफरत फैलाने वाला भाषण देने या घृणा अपराध करने पर 10 साल तक की कैद और भारी जुर्माना लगाया जा सकता है। मंत्रिमंडल ने इस विधेयक को 23 मार्च को मंजूरी दी थी। विधेयक के तहत अपराध करने वाले को कम से कम 1 वर्ष की जेल, अधिकतम 7 वर्ष तक की सजा और 50,000 रुपये का जुर्माना भुगतना होगा। बार-बार अपराध करने पर जुर्माना एक लाख रुपये तक और जेल की अवधि 2 से 10 साल तक बढ़ाई जा सकती है।
यह अपराध गैर-जमानती होगा। विधेयक में कहा गया है कि मौजूदा कानूनी ढांचा तेजी से बदलती हेट स्पीच और घृणा अपराधों को प्रभावी ढंग से नियंत्रित नहीं कर पा रहा है। इस कानून का उद्देश्य दंगों और संघर्षों को भड़काने वाले भाषणों पर अंकुश लगाना है। इस कदम से तेलंगाना उन राज्यों में शामिल हो जाएगा, जहां हेट स्पीच और घृणा अपराध को नियंत्रित करने के लिए सख्त कानून लागू हैं, और राज्य में सामाजिक शांति बनाए रखने में मदद मिलेगी।









