मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने ऊना में बढ़ती अपराध की घटनाओं को लेकर कड़ा संज्ञान लिया है। उन्होंने उपायुक्त जतिन लाल और पुलिस अधीक्षक अमित यादव को धर्मशाला बुलाकर कड़ी फटकार लगाई और एक माह के भीतर आपराधिक गतिविधियों में शामिल लोगों पर सख्त कार्रवाई करने का अल्टीमेटम दिया। मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से ऊना गोलीकांड और फिरौती जैसी घटनाओं का उल्लेख किया, जिनके पीछे अवैध खनन माफिया और चिट्टा माफिया के संबंध बताए जा रहे हैं। सीएम ने अधिकारियों से कहा कि अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट उन्हें प्रस्तुत की जाए। उन्होंने यह भी ऐलान किया कि पहली दिसंबर को धर्मशाला में चिट्टे के खिलाफ एक वॉकथॉन आयोजित किया जाएगा, जिससे सामाजिक जागरूकता बढ़े।
वहीं, ऊना में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर राजनीतिक गलियारों में भी हलचल मची हुई है। गोलीकांड और फिरौती की बढ़ती घटनाओं के बीच पूर्व विधायक सतपाल रायजादा और वर्तमान विधायक सतपाल सत्ती के बीच सियासी टकराव और तीखी बयानबाजी सामने आई है। यह राजनीतिक जंग और अपराध की बढ़ती घटनाओं ने स्थानीय प्रशासन के लिए चुनौतीपूर्ण स्थिति पैदा कर दी है। सीएम ने स्पष्ट किया कि अपराधियों पर शिकंजा कसना प्रशासन की प्राथमिकता होगी और किसी को कानून के हाथों से बचने की अनुमति नहीं दी जाएगी।









