दिल्ली से सटे गौतम बुद्ध नगर (नोएडा) में सोमवार को हुए हिंसक प्रदर्शन के बीच उत्तर प्रदेश सरकार ने श्रमिकों की मजदूरी बढ़ाने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। सरकार ने मजदूरी में अधिकतम 21 प्रतिशत तक की वृद्धि की घोषणा की है, जो 1 अप्रैल 2026 से लागू होगी। यह बढ़ोतरी खासतौर पर गौतम बुद्ध नगर और गाजियाबाद के श्रमिकों के लिए की गई है।
नई दरों के अनुसार, इन दोनों जिलों में अकुशल श्रमिकों का वेतन बढ़ाकर 13,690 रुपये प्रति माह कर दिया गया है। वहीं अर्द्धकुशल श्रमिकों को 15,059 रुपये और कुशल श्रमिकों को 16,868 रुपये प्रति माह मिलेंगे। इसके अलावा, अन्य नगर निगम वाले जिलों में मजदूरी में 15 प्रतिशत की वृद्धि की गई है, जहां अकुशल श्रमिकों को 13,006 रुपये, अर्द्धकुशल को 14,306 रुपये और कुशल श्रमिकों को 16,025 रुपये मासिक मिलेंगे। राज्य के बाकी जिलों में मजदूरी में लगभग 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है। यहां अकुशल श्रमिकों को 12,356 रुपये, अर्द्धकुशल को 13,591 रुपये और कुशल श्रमिकों को 15,224 रुपये प्रति माह दिए जाएंगे।
प्रदर्शन कर रहे श्रमिकों की मांग है कि उनकी सैलरी 18,000 से 20,000 रुपये प्रति माह की जाए। साथ ही उन्होंने साप्ताहिक अवकाश और ओवरटाइम का दोगुना भुगतान लागू करने की भी मांग उठाई है। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि न्यूनतम मजदूरी 20,000 रुपये तय किए जाने की खबरें पूरी तरह भ्रामक हैं और लोगों से ऐसी अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है।









