केंद्र सरकार देश में ड्राइविंग लाइसेंस (DL) से जुड़ी प्रक्रियाओं को सरल और पारदर्शी बनाने की दिशा में कदम उठा रही है। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने लाइसेंस नियमों में संशोधन के लिए एक नया मसौदा जारी किया है। मंत्रालय ने इस ड्राफ्ट पर आम जनता और संबंधित पक्षों से अगले 30 दिनों के भीतर सुझाव और आपत्तियां मांगी हैं। प्रस्तावित बदलाव लागू होने पर लाइसेंस धारकों को कई सुविधाएं मिल सकती हैं।
पता, मोबाइल नंबर और ईमेल अपडेट करने पर नहीं लगेगी फीस
प्रस्ताव के अनुसार, ड्राइविंग लाइसेंस में पता, मोबाइल नंबर या ईमेल आईडी बदलने के लिए कोई शुल्क नहीं देना होगा। इसके अलावा, सारथी पोर्टल समेत अन्य डिजिटल माध्यमों से आधार आधारित ऑनलाइन ऑथेंटिकेशन की सुविधा भी मुफ्त उपलब्ध कराने का प्रस्ताव है।
आवेदनों के निपटारे के लिए तय होगी समयसीमा
लाइसेंस से संबंधित आवेदनों में देरी रोकने के लिए अलग-अलग सेवाओं के लिए समयसीमा निर्धारित करने की योजना है। नाम या अन्य जरूरी विवरण में बदलाव के आवेदन पर 15 दिनों के भीतर फैसला करना होगा। वहीं, पते में बदलाव के आवेदन पर 30 दिनों तक निर्णय नहीं होने की स्थिति में उसे स्वतः मंजूर मानने का प्रस्ताव है। लाइसेंस से किसी वाहन श्रेणी को हटाने के आवेदन पर सात दिनों के भीतर कार्रवाई का प्रावधान भी शामिल है।
फॉर्म 2A से आसान होगी आवेदन प्रक्रिया
लाइसेंस रिन्यू कराने, डुप्लीकेट लाइसेंस बनवाने और नई वाहन श्रेणी जुड़वाने जैसी सेवाओं के लिए नया फॉर्म 2A लाने की तैयारी है। सारथी पोर्टल पर आवेदन के दौरान कुछ जानकारियां ऑटो-फिल होने से बार-बार विवरण भरने की जरूरत कम हो सकती है।
बिजली और गैस बिल भी बनेंगे एड्रेस प्रूफ
मसौदे में तीन महीने से अधिक पुराने नहीं होने वाले बिजली और घरेलू एलपीजी बिल को पते के प्रमाण के रूप में स्वीकार करने का प्रस्ताव है।
इमरजेंसी कॉन्टैक्ट और अंगदान का विकल्प
आवेदन में आपातकालीन संपर्क की जानकारी अनिवार्य करने और इच्छुक आवेदकों को अंगदान का विकल्प देने की योजना भी है। फिलहाल ये सभी बदलाव प्रस्तावित मसौदे का हिस्सा हैं। अंतिम नियम सुझावों और आपत्तियों पर विचार के बाद तय किए जाएंगे।


