गोवा में मंगलवार को इंडिया एनर्जी वीक (IEW) 2026 का भव्य उद्घाटन हुआ। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअल माध्यम से सम्मेलन की शुरुआत की। इस मौके पर केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी, यूएई मंत्री सुल्तान अहमद अल जाबेर और गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत मौजूद रहे। वक्ताओं ने इंडिया एनर्जी वीक को ऐसा वैश्विक मंच बताया, जो ऊर्जा पर संवाद को कार्रवाई में और नीतियों को ठोस परिणामों में बदलने की दिशा में काम कर रहा है। सम्मेलन को निवेश, नवाचार और अंतरराष्ट्रीय साझेदारी को गति देने वाला प्रमुख मंच करार दिया गया।
हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत ऊर्जा सुरक्षा, आत्मनिर्भरता और जलवायु न्याय की ओर तेज़ी से बढ़ रहा है। उन्होंने ज़ोर दिया कि ऊर्जा संक्रमण केवल स्रोत बदलने का नहीं, बल्कि ऊर्जा विस्तार का विषय है और तेल, गैस, बायोफ्यूल, ग्रीन हाइड्रोजन और एलएनजी में संतुलित निवेश ज़रूरी है।
यूएई मंत्री अल जाबेर ने भारत को भविष्य की वैश्विक ऊर्जा मांग का प्रमुख चालक बताते हुए कहा कि सबसे बड़ा खतरा अपर्याप्त निवेश है। वहीं, सीएम प्रमोद सावंत ने बताया कि गोवा ने 2050 तक 100% नवीकरणीय ऊर्जा का लक्ष्य तय किया है। इंडिया एनर्जी वीक 2026 ने भारत को एक जिम्मेदार वैश्विक ऊर्जा नेता के रूप में पेश किया, जो व्यावहारिक, समावेशी और टिकाऊ समाधान देने के लिए प्रतिबद्ध है।









