प्रयागराज के अलख पांडे ने शिक्षा की दुनिया में अपनी मेहनत और जज्बे से इतिहास रच दिया है। आज वे न केवल लाखों छात्रों के रोल मॉडल हैं, बल्कि फिजिक्सवाला (PhysicsWallah) के माध्यम से भारतीय शिक्षा क्षेत्र में क्रांति लाने वाले अग्रणी उद्यमियों में शामिल हो चुके हैं। उनकी कंपनी की वैल्यूएशन 30 हजार करोड़ रुपये से भी अधिक हो चुकी है और उनकी नेटवर्थ करोड़ों में आंकड़े छू रही है।
अलख पांडे का जन्म 2 अक्टूबर 1991 को इलाहाबाद (अब प्रयागराज) में हुआ। उन्होंने प्रारंभिक शिक्षा बिशप जॉनसन स्कूल से पूरी की। 12वीं के बाद जेईई की तैयारी करने का उनका सपना था, लेकिन आर्थिक स्थिति के कारण उन्होंने कानपुर के हरकोर्ट बटलर प्राविधिक विश्वविद्यालय में मैकेनिकल इंजीनियरिंग का कोर्स शुरू किया। हालांकि, पढ़ाई के दौरान ही उन्हें एहसास हुआ कि उनकी असली रुचि पढ़ाने और शिक्षा के क्षेत्र में कुछ नया करने में है। तीसरे साल ही उन्होंने कॉलेज छोड़ने का निर्णय लिया।
कॉलेज छोड़ने के बाद अलख पांडे ने प्रयागराज में छात्रों को पढ़ाना शुरू किया। उनके पढ़ाने का तरीका सरल, सहज और देसी अंदाज में था, जिससे कठिन से कठिन विषय भी छात्रों को आसानी से समझ में आने लगे। इसके बाद उन्होंने YouTube पर अपना चैनल शुरू किया और ऑनलाइन शिक्षा की दुनिया में कदम रखा।
कोविड-19 के दौरान अलख पांडे की मुलाकात प्रतीक माहेश्वरी से हुई और दोनों ने मिलकर PhysicsWallah ऐप लॉन्च किया। ऐप के पहले ही दिन भारी संख्या में छात्रों ने जुड़कर इसे लोकप्रिय बना दिया। आज यह ऐप भारत के सबसे बड़े ऑनलाइन एजुकेशन प्लेटफॉर्म में शुमार है।
आज अलख पांडे की कुल संपत्ति 14,510 करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है। उनकी सफलता साबित करती है कि कठिनाइयों और सीमाओं के बावजूद मेहनत और लगन से हर सपना साकार किया जा सकता है। अलख पांडे की कहानी सिर्फ एक शिक्षण प्लेटफॉर्म की सफलता नहीं, बल्कि यह प्रेरणा देती है कि सही दिशा, कठिन परिश्रम और जुनून से कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं।









