Maharashtra Politics

मुंबई का अगला मेयर कौन?, एकनाथ शिंदे के लॉटरी सिस्टम से होगा फैसला

महाराष्ट्र के नगर महापालिका परिषद चुनाव में भाजपा ने जोरदार जीत दर्ज की है और 28 सालों से सत्ता में रही शिवसेना को करारी मात दी है। अब सवाल यह उठ रहा है कि मुंबई की सबसे अमीर महानगर पालिका बीएमसी का नया मेयर कौन होगा। बीएमसी के मेयर का चुनाव नगर निगम के पार्षदों द्वारा किया जाएगा, लेकिन इससे पहले मेयर पद किस जाति, वर्ग या लिंग के लिए आरक्षित होगा, यह तय होना जरूरी है।

राज्य के शहरी विकास विभाग, जो डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे के पास है, मेयर पद के आरक्षण का निर्णय करता है। बीएमसी में मेयर पद रोटेशन प्रणाली के तहत सामान्य वर्ग, अनुसूचित जाति, ओबीसी और महिलाओं के लिए आरक्षित होता है। इस सप्ताह विभाग लॉटरी प्रणाली के माध्यम से मेयर पद का आरक्षण तय कर सकता है, और रिपोर्ट के अनुसार यह 22 जनवरी को घोषित होगा।

आरक्षण तय होने के बाद नगर प्रशासन पार्षदों की बैठक बुलाएगा, जिसमें नए मेयर और उपमेयर का चुनाव होगा। पार्षद मतदान के जरिए अधिकतम वोट पाने वाले उम्मीदवार को मेयर चुना जाएगा। ध्यान रहे, मेयर पद के लिए जरूरी नहीं कि सबसे बड़ी पार्टी का उम्मीदवार ही चुना जाए। बीएमसी में मेयर का कार्यकाल ढाई वर्ष का होता है, जबकि पार्षद पांच वर्षों के लिए चुने जाते हैं।