भारतीय क्रिकेट टीम 14 नवंबर से कोलकाता के ईडन गार्डन्स में साउथ अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट सीरीज की शुरुआत करेगी। छह साल के लंबे अंतराल के बाद कोलकाता में टेस्ट क्रिकेट लौट रहा है। पिछले 2019 के टेस्ट मैच में खेले अधिकांश खिलाड़ी अब इस सीरीज का हिस्सा नहीं हैं। इसी सूची में तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी भी शामिल हैं, जिनके लिए ईडन गार्डन्स घरेलू मैदान के रूप में जाना जाता है। हालांकि, चयनकर्ताओं ने इस बार शमी को टीम में शामिल नहीं किया, जिससे काफी चर्चा और विवाद हुआ।
इस मामले पर कप्तान शुभमन गिल ने 13 नवंबर को प्रेस कॉन्फ्रेंस में पहली बार प्रतिक्रिया दी। गिल ने कहा कि चयन संबंधी फैसलों पर उन्हें कुछ कहना उचित नहीं है और इस पर बेहतर जवाब चयनकर्ता ही दे सकते हैं। हालांकि, उन्होंने शमी की काबिलियत की खुले तौर पर तारीफ की। गिल ने कहा कि शमी जैसी गुणवत्ता वाले गेंदबाज कम ही मिलते हैं, लेकिन मौजूदा गेंदबाजों आकाश दीप और प्रसिद्ध कृष्णा के प्रदर्शन को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उन्होंने स्वीकार किया कि ऐसे अनुभवी खिलाड़ी के लिए बाहर बैठना कठिन हो सकता है।
शमी ने मार्च 2023 के वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के बाद टेस्ट क्रिकेट नहीं खेला है। विश्व कप 2023 में लगी चोट ने उन्हें टीम से दूर रखा। चैंपियंस ट्रॉफी 2025 में लौटने के बावजूद चयन नहीं मिला। हाल ही में रणजी ट्रॉफी में उनके प्रदर्शन को देखते हुए शमी ने चयन पर सवाल उठाया था, जिस पर चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर ने कहा कि शमी की फिटनेस पूरी तरह यथास्थित नहीं है, इस वजह से टीम में जगह नहीं दी गई।









