बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के बैंक लॉकर से लगभग 850 तोला यानी करीब 10 किलो सोना जब्त किया गया है। एंटी-करप्शन अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि लॉकर को अदालत के आदेश के बाद खोला गया, और इसमें सोने की बार, सिक्के और आभूषण पाए गए। इस सोने की कुल कीमत लगभग 1.3 मिलियन डॉलर यानी 11 करोड़ रुपये बताई जा रही है।
जांच अधिकारियों के अनुसार, यह सोना शेख हसीना को पद पर रहते हुए प्राप्त हुए कुछ उपहारों में शामिल था, जिन्हें नियम के अनुसार सरकारी खजाने में जमा करना जरूरी था। बांग्लादेश के कानून के मुताबिक, किसी भी पदाधिकारियों द्वारा प्राप्त तोहफों को ‘तोशाखाना’ में रखना अनिवार्य होता है, लेकिन ऐसा नहीं किया गया।
इसके अलावा, अधिकारियों ने यह भी जांच शुरू की है कि क्या पूर्व प्रधानमंत्री ने अपनी टैक्स रिटर्न में इस सोने की जानकारी दी थी या नहीं। यह कदम उन आरोपों की जांच के हिस्से के रूप में उठाया गया है जो पहले से ही टैक्स चोरी और वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े हैं। पकड़े गए सोने में कुछ वस्तुएँ उनके परिवार के अन्य सदस्यों के नाम से भी पाई गई हैं। इससे यह संकेत मिलता है कि कई आभूषण और सिक्के उनके निजी उपहारों में शामिल थे।
बांग्लादेश की एजेंसियां इस मामले की गहन जांच कर रही हैं और इसे भ्रष्टाचार और सरकारी संपत्ति की हेरफेर से जुड़े मामलों की गंभीर जांच के रूप में देखा जा रहा है। इस घटना ने देश में पूर्व प्रधानमंत्रियों के खिलाफ भ्रष्टाचार और वित्तीय पारदर्शिता को लेकर नई बहस को जन्म दिया है। इस मामले की जांच जारी है और आने वाले दिनों में इसके और विस्तार से खुलासे होने की संभावना है।









