देश के सबसे बड़े बैंक State Bank of India को हाल ही में आयकर विभाग से 6,337.52 करोड़ रुपये का टैक्स नोटिस मिला है। यह नोटिस बैंक को 19 मार्च को भेजा गया, और इसके बारे में 20 मार्च को शेयर बाजार में भी जानकारी दी गई। नोटिस में ब्याज की रकम भी शामिल है और यह बैंक द्वारा दिखाए गए कुछ खर्चों और कटौतियों (disallowances) को स्वीकार न करने के कारण जारी किया गया है।
आयकर नोटिस असेसमेंट ईयर 2023-24 के लिए लागू किया गया है और इसमें सेक्शन 143(3), 144C(3) और 144B के तहत बैंक के वित्तीय दावों की समीक्षा की गई है। सूत्रों के अनुसार, इस नोटिस में बैंक की कुछ खर्च और कटौतियों को अस्वीकार करने का मामला है, जिसके चलते कुल टैक्स और ब्याज की रकम इतनी बड़ी हो गई है।
SBI ने कहा कि यह कोई नया या अलग मामला नहीं है। पिछले वर्षों में भी बैंक के ऐसे ही कई कर विवाद अदालतों में चल रहे हैं। बैंक ने स्पष्ट किया कि यह नोटिस मौजूदा विवादों का हिस्सा है और इसे कानूनी प्रक्रिया के तहत चुनौती दी जाएगी। बैंक समय सीमा के भीतर अपील दायर करेगा और अदालत में मामले को चुनौती देगा।
बैंक ने अपने निवेशकों को आश्वस्त किया है कि यह नोटिस बैंक के रोजमर्रा के कामकाज या व्यवसाय पर कोई प्रतिकूल असर नहीं डालेगा। इस खबर के बाद शुक्रवार को SBI के शेयरों में हल्की गिरावट देखी गई और NSE पर शेयर 1,058 रुपये पर बंद हुए।
विश्लेषकों का कहना है कि बड़े वित्तीय संस्थानों के साथ ऐसे कर विवाद आम हैं और अधिकांश मामलों में बैंक कानूनी प्रक्रिया में सफलता हासिल कर लेते हैं। SBI ने निवेशकों और जनता को भरोसा दिलाया है कि यह मामला बैंक की वित्तीय स्थिति या संचालन क्षमता को प्रभावित नहीं करेगा।









