हाल ही में इंडिगो की फ्लाइट 6E 1025, जो 24 फरवरी को चेन्नई से सिंगापुर जा रही थी, तकनीकी खराबी के कारण लगभग 5 घंटे लेट हो गई। विमान में सवार 200 से अधिक यात्री रनवे पर फंसे रहे। यात्रियों ने जानकारी की कमी और एयर कंडीशनिंग न होने की शिकायत की। एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें यात्रियों को टेक-ऑफ में देरी का कारण पूछते दिखाया गया। एक यात्री ने कहा कि विमान में एयर कंडीशनिंग बार-बार बंद हो रही थी और सांस लेने में दिक्कत हो रही थी।
यात्री यह भी बता रहे हैं कि वे सुबह 7 बजे से इंतजार कर रहे थे और चार घंटे से अधिक समय तक बिना वेंटिलेशन और भोजन के विमान में बैठे रहे। तकनीकी खराबी के कारण उड़ान लेट हुई, और बाद में पायलट की ड्यूटी टाइम खत्म होने के कारण क्रू बदलना पड़ा। दूसरा पायलट लगभग 11 बजे पहुंचा और विमान दोपहर में रवाना हुआ। इंडिगो ने कहा कि यात्रियों को रिफ्रेशमेंट और समय-समय पर अपडेट दिए गए थे।
इसी दिन मुंबई से दिल्ली जा रही एयर इंडिया की फ्लाइट AI 1851 भी रनवे पर 45 मिनट से अधिक समय तक खड़ी रही। विमान में सभी यात्री बैठे थे, लेकिन निर्धारित समय से उड़ान लेट हुई। अभी इस फ्लाइट की देरी के कारण की पुष्टि नहीं हुई है। ये घटनाएं एयरलाइन संचालन और यात्रियों की सुविधा के मुद्दों को उजागर करती हैं, जिससे यात्रियों की असुविधा बढ़ी है और सोशल मीडिया पर आलोचना सामने आई है।









