भारत की अर्थव्यवस्था लगातार मजबूत गति से आगे बढ़ रही है। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही (Q3 FY26) में भारत की वास्तविक GDP वृद्धि दर 7.8% दर्ज की गई है। पूरे वित्त वर्ष FY26 के लिए वास्तविक GDP वृद्धि 7.6% रहने का अनुमान है, जो पहले के 7.4% अनुमान से अधिक है। पिछले वित्त वर्ष 2024-25 में GDP वृद्धि 7.1% रही थी, जो आर्थिक सुधार की दिशा में सकारात्मक संकेत है।
नई GDP गणना श्रृंखला 2022-23 बेस ईयर पर आधारित है, जिसे पुरानी 2011-12 श्रृंखला की जगह लागू किया गया है। Ministry of Statistics and Programme Implementation का कहना है कि नई श्रृंखला में GST रिकॉर्ड, इलेक्ट्रिक वाहन रजिस्ट्रेशन और प्राकृतिक गैस खपत जैसे आधुनिक डेटा स्रोत शामिल किए गए हैं, जिससे अर्थव्यवस्था की वास्तविक संरचना को बेहतर तरीके से समझा जा सकेगा। कोविड महामारी और GST लागू होने जैसे संरचनात्मक बदलावों के कारण डेटा संशोधन में देरी हुई थी।
Q3 में विनिर्माण और सेवा क्षेत्र का प्रदर्शन खास तौर पर मजबूत रहा। विनिर्माण क्षेत्र में 13.3% की वृद्धि दर्ज की गई, जबकि सेवा क्षेत्र की वृद्धि 9.5% रही। व्यापार, होटल, परिवहन और संचार सेवाओं में 11% की वृद्धि देखी गई, जबकि वित्तीय और रियल एस्टेट सेवाओं में 11.2% की बढ़ोतरी दर्ज हुई। दूसरी ओर कृषि क्षेत्र की वृद्धि 1.4% तक सीमित रही। निवेश गतिविधियों में भी सुधार दिखा, जहां सकल स्थिर पूंजी निर्माण (GFCF) में 7.8% की वृद्धि दर्ज हुई।









