दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का उद्घाटन आगामी 14 अप्रैल को होने जा रहा है। इस एक्सप्रेसवे के खुलने से दिल्ली से उत्तराखंड की दूरी कम होगी और खजूरी पुश्ता पर लगने वाले जाम से भी निजात मिलेगी। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने स्पष्ट किया है कि सर्विस रोड का इस्तेमाल करने वाले स्थानीय लोगों से कोई टोल टैक्स नहीं लिया जाएगा। टोल केवल मुख्य हाईवे पर लंबी दूरी की यात्रा करने वाले वाहनों से ही वसूला जाएगा।
लोनी बॉर्डर पर बड़े टोल प्लाजा का निर्माण किया गया है, जिससे स्थानीय निवासियों को यह डर था कि अपने कॉलोनी या पास के बाजार (जैसे करावल नगर) जाने पर उन्हें भी भारी-भरकम टोल देना पड़ सकता है। इस चिंता को देखते हुए NHAI के परियोजना निदेशक अरविंद कुमार ने साफ किया कि सर्विस रोड पूरी तरह से टोल-फ्री रहेगी। स्थानीय लोग अब यह मांग भी उठा रहे हैं कि करावल नगर के पास दिल्ली नगर निगम (MCD) का पुराना टोल बूथ हटाया जाए, ताकि स्थानीय यातायात और सुगमता बढ़ सके।
सुबापुर गांव और करावल नगर के RWA अध्यक्षों ने NHAI के इस फैसले का स्वागत किया है। उनका कहना है कि सर्विस रोड को टोल-फ्री रखना आम जनता के लिए राहत और विकास की दिशा में सही कदम है। इस हाईवे के शुरू होने से दिल्ली के अक्षरधाम से देहरादून तक का सफर अब बेहद आसान और समय बचाने वाला होगा।









