प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इथियोपिया यात्रा भारत और अफ्रीकी देश के संबंधों में एक ऐतिहासिक अध्याय के रूप में दर्ज हो गई है। इथियोपिया ने प्रधानमंत्री मोदी को अपना सर्वोच्च नागरिक सम्मान “द ग्रेट ऑनर निशान ऑफ इथियोपिया” प्रदान किया। यह सम्मान पाने वाले वह दुनिया के पहले वैश्विक राष्ट्राध्यक्ष बने हैं। अदीस अबाबा में आयोजित विशेष समारोह में इथियोपिया के प्रधानमंत्री डॉ. अबी अहमद अली ने स्वयं पीएम मोदी को यह सम्मान सौंपा।
तीन देशों की चार दिवसीय यात्रा के दूसरे चरण में पीएम मोदी मंगलवार को इथियोपिया पहुंचे। अदीस अबाबा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर प्रधानमंत्री अबी अहमद अली ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। खास बात यह रही कि इथियोपियाई प्रधानमंत्री खुद अपनी कार से पीएम मोदी को होटल तक लेकर गए। रास्ते में उन्होंने विज्ञान संग्रहालय और मैत्री पार्क का भ्रमण भी कराया, जो आधिकारिक कार्यक्रम का हिस्सा नहीं था। इसके अलावा, पीएम मोदी ने पारंपरिक इथियोपियाई कॉफी समारोह में भाग लेकर देश की सांस्कृतिक विरासत को करीब से देखा।
पीएम मोदी ने कहा कि भारत और इथियोपिया के बीच सदियों पुराने सभ्यतागत संबंध रहे हैं और दोनों देश आज भी साझेदार के रूप में साथ आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने द्विपक्षीय सहयोग को व्यापार, निवेश, विकास, शिक्षा और प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों में और मजबूत करने की इच्छा जताई।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, इथियोपिया ‘ग्लोबल साउथ’ में भारत का एक अहम भागीदार है और ब्रिक्स का भी सदस्य है। यात्रा के दौरान पीएम मोदी इथियोपिया की संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित करेंगे, जहां वह भारत को “लोकतंत्र की जननी” के रूप में प्रस्तुत करते हुए ग्लोबल साउथ में भारत-इथियोपिया साझेदारी के महत्व पर अपने विचार रखेंगे। इसके साथ ही प्रधानमंत्री प्रवासी भारतीय समुदाय के सदस्यों से भी मुलाकात करेंगे।









