नई दिल्ली | 17 अगस्त 2025
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने अपने 27 करोड़ से अधिक यूजर्स के लिए अहम नियमों में बदलाव किया है। इन बदलावों का उद्देश्य प्रोविडेंट फंड सेवाओं को तेज़, पारदर्शी और सरल बनाना है। नए नियमों के तहत अब आधार को यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN) से लिंक करना आसान होगा और मृतक सदस्यों के नाबालिग बच्चों को सीधा लाभ मिल सकेगा।
आधार-UAN लिंकिंग के नए नियम
- यदि EPFO रिकॉर्ड और आधार में नाम, जन्मतिथि और जेंडर मैच करते हैं तो यूजर सीधे अपने इंप्लॉयर से संपर्क कर आधार लिंक करा सकता है।
- इंप्लॉयर पोर्टल के KYC फंक्शन से आधार सीडिंग की जा सकेगी।
- इस प्रोसेस के लिए अब EPFO की अतिरिक्त मंजूरी की आवश्यकता नहीं होगी।
डिटेल मिसमैच होने पर समाधान
- आधार और UAN डिटेल्स मेल ना खाने या गलत आधार लिंक होने पर ज्वाइंट डिक्लेरेशन (JD) प्रक्रिया को सरल बनाया गया है।
- इंप्लॉयर ऑनलाइन JD रिक्वेस्ट सब्मिट कर सकते हैं।
- यदि कंपनी बंद है या इंप्लॉयर उपलब्ध नहीं है, तो मेंबर फिजिकल JD फॉर्म जमा कर सकता है। यह फॉर्म पीआरओ काउंटर पर सत्यापन के बाद अपलोड किया जाएगा।
- ध्यान रहे, पहले से वेरिफाइड आधार डिटेल्स में बदलाव स्वीकार नहीं होंगे।
नाबालिग बेनिफिशियरीज़ को राहत
- मृतक सदस्य के नाबालिग बच्चों को अब गार्जियनशिप सर्टिफिकेट देने की आवश्यकता नहीं होगी।
- ईपीएफओ सीधे नाबालिग बच्चों के बैंक अकाउंट में क्लेम और पेंशन अमाउंट ट्रांसफर करेगा।
- अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे नाबालिगों के लिए बैंक अकाउंट खुलवाने में मदद करें, ताकि समय पर भुगतान सुनिश्चित हो सके।
आधार को UAN से ऑनलाइन कैसे लिंक करें?
यूजर्स UMANG मोबाइल ऐप के जरिए आसानी से यह प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं:
- UMANG ऐप खोलें और MPIN/OTP से लॉग इन करें।
- “सर्विस” टैब में जाकर EPFO चुनें।
- e-KYC सर्विस → आधार सीडिंग पर क्लिक करें।
- अपना UAN दर्ज करें और OTP वेरिफाई करें।
- आधार नंबर डालें और आधार से जुड़े मोबाइल/ईमेल OTP से पुष्टि करें।
वेरिफिकेशन प्रक्रिया पूरी होने के बाद आधार लिंक हो जाएगा। प्रारंभिक लिंकिंग कुछ मिनटों में हो जाती है, लेकिन अधिकारियों द्वारा अंतिम अप्रूवल में 3-5 दिन (अधिकतम 15 दिन) लग सकते हैं।